चम्पावत। प्रशासनिक जिम्मेदारी केवल दफ्तरों तक सीमित नहीं होती, बल्कि अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर उसकी समस्याएं सुनने और समाधान सुनिश्चित करने का नाम भी सुशासन है। इसी संदेश को व्यवहार में उतारते हुए चम्पावत के जिलाधिकारी मनीष कुमार शनिवार को नेपाल सीमा से सटे विकासखंड बाराकोट के दूरस्थ एवं दुर्गम ग्राम सील-बरुड़ी तक करीब 15 से 16 किलोमीटर का कठिन पहाड़ी पैदल सफर तय कर पहुंचे। प्रतिकूल मौसम और रेड अलर्ट के बावजूद प्रशासनिक टीम के साथ गांव पहुंचे जिलाधिकारी ने ‘जन-जन की सरकार, सेवा पखवाड़ा’ अभियान के तहत जन चौपाल और रात्रि चौपाल आयोजित कर ग्रामीणों से सीधा संवाद किया, उनकी समस्याएं सुनीं और मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को समाधान के स्पष्ट निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार संचालित अभियान के अंतर्गत हुए इस दौरे में जिलाधिकारी ने कहा कि Smruti और सीमांत क्षेत्रों तक शासन की प्रत्येक योजना का लाभ पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि मौसम और रेड अलर्ट के कारण प्रस्तावित शिविर आयोजित नहीं हो सका, लेकिन स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्राम प्रधान के आग्रह पर प्रशासन ने गांव पहुंचने का निर्णय लिया ताकि सीमांत क्षेत्र के लोगों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
पात्र व्यक्ति तक हर योजना पहुंचे, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
जन चौपाल में जिलाधिकारी ने पेंशन, आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जमीनी स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति को योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

सड़क की मांग पर मौके से मुख्य अभियंता को लगाया फोन
ग्रामीणों ने गांव तक सड़क निर्माण की मांग प्रमुखता से उठाई। इस पर जिलाधिकारी ने मौके से ही मुख्य अभियंता यूआरआरडीए एस.के. पाठक से दूरभाष पर वार्ता कराई। जानकारी दी गई कि लगभग 22.4 किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए करीब 23 करोड़ रुपये की डीपीआर भारत सरकार को भेजी जा चुकी है तथा स्वीकृति मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।

विकास कार्यों का किया सत्यापन, शिक्षा और आंगनबाड़ी व्यवस्थाएं भी परखी
जिलाधिकारी ने गांव में निर्मित ‘ज्ञान सेतु’ सहित विभिन्न विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इसके बाद आंगनबाड़ी केंद्र और राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सील-बरुड़ी पहुंचकर शैक्षणिक एवं आधारभूत व्यवस्थाओं का अवलोकन किया तथा गुणवत्तापूर्ण सेवाएं निरंतर बनाए रखने के निर्देश दिए।

श्रवण यंत्र वितरित, 55 ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण
समाज कल्याण विभाग ने जिलाधिकारी के निर्देश पर खीम सिंह, रतन सिंह, महासिंह एवं उमेश सिंह को निःशुल्क श्रवण यंत्र उपलब्ध कराए। स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगाए गए शिविर में 55 ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया, आवश्यक दवाइयां वितरित की गईं तथा 30 लोगों की शुगर एवं रक्तचाप की जांच कर चिकित्सकीय परामर्श भी दिया गया।
रात्रि चौपाल में सुनी हर आवाज, प्राथमिकता से समाधान के निर्देश
रात्रि चौपाल में जोगा सिंह ने किसान सम्मान निधि की राशि न मिलने, भवान सिंह ने विद्युत पोल लगाने, धनी देवी ने राशन कार्ड संबंधी समस्या तथा प्रेम सिंह ने विद्युत पोल को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित किए जाने की मांग रखी। जिलाधिकारी ने सभी मामलों में संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस दौरान ग्राम प्रधान खड़क सिंह, भाजपा बाराकोट मंडल उपाध्यक्ष अजय सिंह बिष्ट, सुरेंद्र सिंह सामंत, अधिशासी अभियंता पीएमजीएसवाई बी.सी. नैनवाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लोहाघाट से डॉ. मंजीत, जिला समाज कल्याण अधिकारी आर.एस. सामंत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।
