किच्छा। ऊधमसिंह नगर जिले के किच्छा क्षेत्र में बिना वैध पंजीकरण और आवश्यक चिकित्सा दस्तावेजों के संचालित किए जा रहे क्लीनिकों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। गुरुवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजीव कुमार गोस्वामी के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने किच्छा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विभागीय टीम ने तीन क्लीनिकों में नियमों के उल्लंघन और आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने की स्थिति पाए जाने पर उन्हें मौके पर सील कर दिया।
शिकायतों के बाद हरकत में आया स्वास्थ्य विभाग
क्षेत्र में बिना पंजीकरण और आवश्यक चिकित्सा योग्यता के क्लीनिक संचालित किए जाने की शिकायतें मिलने के बाद सीएमओ डॉ. संजीव कुमार गोस्वामी ने मामले का संज्ञान लिया। उनके निर्देश पर डॉ. सुधीर गुप्ता के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई, जिसने किच्छा क्षेत्र और आसपास के ग्रामीण इलाकों में औचक निरीक्षण अभियान चलाया।
विभागीय टीम ने निरीक्षण के दौरान क्लीनिकों के पंजीकरण, चिकित्सा योग्यता और संचालन से संबंधित आवश्यक दस्तावेजों की जांच की। अधिकारियों के अनुसार, जांच में तीन स्थानों पर निर्धारित मानकों से संबंधित गंभीर कमियां सामने आईं।

बालाजी डेंटल क्लीनिक में नहीं मिले वैध दस्तावेज
स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई की जद में सबसे पहले बालाजी डेंटल क्लीनिक आया। विभाग के मुताबिक निरीक्षण के दौरान क्लीनिक पर कोई अधिकृत चिकित्सक मौजूद नहीं मिला। साथ ही क्लीनिक के संचालन से संबंधित वैध पंजीकरण दस्तावेज भी टीम के समक्ष प्रस्तुत नहीं किए जा सके। विभाग ने कार्रवाई करते हुए क्लीनिक को सील कर दिया।
जगदंबा क्लीनिक में उपचार कर रहे व्यक्ति की योग्यता पर सवाल
जगदंबा क्लीनिक के निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अनिल शर्मा नामक व्यक्ति को मरीजों का उपचार करते हुए पाया। विभाग के अनुसार, जांच के दौरान उसके पास उपचार करने से संबंधित वैध मेडिकल डिग्री नहीं मिली। स्वास्थ्य विभाग ने इसे नियमों का उल्लंघन मानते हुए क्लीनिक को तत्काल सील कर दिया।

बांदिया के संजीवनी क्लीनिक पर भी कार्रवाई
तीसरी कार्रवाई बांदिया स्थित संजीवनी क्लीनिक में की गई। विभागीय टीम के अनुसार, डॉ. विकास ढाली से संबंधित इस क्लीनिक के निरीक्षण के दौरान अस्पताल/क्लीनिक के पंजीकरण और चिकित्सा योग्यता से जुड़े आवश्यक कानूनी दस्तावेज उपलब्ध नहीं पाए गए। इसके बाद टीम ने क्लीनिक को भी सील कर दिया।
सीएमओ की दो टूक आगे भी जारी रहेगा अभियान
कार्रवाई के बाद सीएमओ डॉ. संजीव कुमार गोस्वामी ने स्पष्ट किया कि जिले में नागरिकों के स्वास्थ्य से जुड़े मामलों में किसी प्रकार की लापरवाही या नियमों का उल्लंघन स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बिना वैध पंजीकरण अथवा आवश्यक चिकित्सा योग्यता के संचालित पाए जाने वाले क्लीनिकों और अस्पतालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
