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यातायात नियमों की उल्लंघन पर एआरटीओ नवीन कुमार सिंह की सख्ती: 10 वाहन सीज, 23 के चालान; ओवरलोडिंग पर कसा शिकंजा

📑 विषय-सूची (Table of Contents)

    रुद्रपुर। सड़क सुरक्षा मानकों की अनदेखी और परिवहन नियमों को दरकिनार कर सड़कों पर दौड़ रहे वाहनों के खिलाफ रुद्रपुर में मंगलवार को परिवहन विभाग ने सख्त कार्रवाई की। एआरटीओ नवीन कुमार सिंह के नेतृत्व में चले सघन चेकिंग अभियान में 23 वाहनों के चालान किए गए, जबकि गंभीर अनियमितताएं मिलने पर 10 वाहनों को सीज कर दिया गया। जांच के दौरान ओवरलोडिंग के साथ बिना फिटनेस प्रमाण पत्र, वैध परमिट, ड्राइविंग लाइसेंस और रोड टैक्स के वाहनों के संचालन के मामले भी सामने आए। कार्रवाई की गंभीरता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सीज किए गए वाहनों में पांच यात्री वाहन और पांच मालवाहक वाहन शामिल हैं। परिवहन विभाग की इस कार्रवाई ने साफ संकेत दिया है कि सड़क सुरक्षा से जुड़े नियमों की अनदेखी अब किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी और नियम तोड़ने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

    नियम तोड़ने वालों पर एक साथ कसा शिकंजा

    मंगलवार को एआरटीओ नवीन कुमार सिंह के नेतृत्व में परिवहन विभाग की टीम ने रुद्रपुर क्षेत्र में सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया। अभियान के दौरान वाहनों के जरूरी दस्तावेजों के साथ उनकी फिटनेस, परमिट, चालक के लाइसेंस और निर्धारित क्षमता के अनुरूप सवारी एवं माल के परिवहन की जांच की गई। चेकिंग में नियमों का उल्लंघन करने वाले कुल 23 वाहनों के चालान किए गए। वहीं, जहां अनियमितताएं गंभीर पाई गईं, वहां विभाग ने कार्रवाई को चालान तक सीमित न रखते हुए 10 वाहनों को सीज कर दिया।

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    यात्री और मालवाहक वाहनों पर बराबर नजर

    अभियान के दौरान विभाग ने यात्री वाहनों के साथ मालवाहक वाहनों की भी गहन जांच की। सीज किए गए 10 वाहनों में पांच यात्री वाहन और पांच मालवाहक वाहन शामिल रहे। इससे यह भी स्पष्ट हुआ कि चेकिंग का दायरा किसी एक श्रेणी के वाहनों तक सीमित नहीं था। यात्रियों को क्षमता से अधिक बैठाकर ले जाने से लेकर निर्धारित क्षमता से अधिक माल ढोने तक, सड़क सुरक्षा को प्रभावित करने वाले हर मामले को विभाग ने गंभीरता से लिया। परिवहन विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य केवल नियमों का उल्लंघन पकड़ना नहीं, बल्कि वाहन चालकों और स्वामियों को उनकी जिम्मेदारी का एहसास कराना भी है।

    विभाग की ओवरलोडिंग पर सबसे ज्यादा सख्ती

    चेकिंग अभियान में ओवरलोडिंग प्रमुख उल्लंघनों में सामने आई। क्षमता से अधिक सवारी अथवा निर्धारित सीमा से अधिक माल लेकर चल रहे चार यात्री वाहनों और तीन मालवाहक वाहनों के खिलाफ चालान एवं जब्ती की कार्रवाई की गई। ओवरलोडिंग सड़क सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। वाहन की निर्धारित क्षमता से अधिक भार होने पर उसके नियंत्रण, ब्रेकिंग और संचालन पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। यात्री वाहनों में क्षमता से अधिक सवारी भी दुर्घटना की स्थिति में जोखिम को कई गुना बढ़ा देती है। इसी को देखते हुए विभाग ने ओवरलोडिंग के मामलों में विशेष सख्ती दिखाई और वाहन संचालकों को नियमों के दायरे में रहकर संचालन करने का स्पष्ट संदेश दिया।

    दस्तावेज अधूरे पाए तो कार्रवाई होना तय

    चेकिंग के दौरान केवल ओवरलोडिंग ही नहीं, बल्कि वाहनों के जरूरी दस्तावेजों में भी गंभीर कमियां सामने आईं। बिना फिटनेस प्रमाण पत्र, बिना वैध परमिट, बिना ड्राइविंग लाइसेंस और बिना रोड टैक्स के सड़क पर संचालित हो रहे तीन वाहनों को टीम ने पकड़ लिया। इन वाहनों के खिलाफ नियमानुसार कठोर दंडात्मक कार्रवाई की गई। परिवहन विभाग के अनुसार सड़क पर किसी वाहन का संचालन केवल चालक के हाथ में वाहन होने तक सीमित नहीं है। वाहन की वैधता और उससे जुड़े सभी जरूरी दस्तावेज पूरे होना भी उतना ही अनिवार्य है। फिटनेस प्रमाण पत्र वाहन की तकनीकी स्थिति से जुड़ा महत्वपूर्ण दस्तावेज है, जबकि परमिट, लाइसेंस और रोड टैक्स से जुड़े नियमों का पालन भी वैध संचालन की बुनियादी शर्तों में शामिल है।

    कार्रवाई के पीछे सड़क सुरक्षा का बड़ा मकसद

    परिवहन विभाग की मंगलवार की कार्रवाई को केवल चालान और सीज करने की कार्रवाई के रूप में देखना पूरी तस्वीर नहीं होगी। अभियान का एक अहम उद्देश्य सड़क सुरक्षा के प्रति वाहन चालकों और वाहन स्वामियों को लगातार जागरूक करना भी है। नियमों का पालन होने से न केवल वाहन संचालक विभागीय कार्रवाई से बच सकते हैं, बल्कि सड़क पर दुर्घटनाओं के जोखिम को भी कम किया जा सकता है। ओवरलोडिंग, बिना फिटनेस वाहन चलाना अथवा जरूरी दस्तावेजों के बिना वाहन संचालित करना सीधे तौर पर सड़क सुरक्षा से जुड़ी गंभीर लापरवाहियां हैं।

    एआरटीओ नवीन कुमार सिंह ने स्पष्ट की विभाग की नीति

    एआरटीओ नवीन कुमार सिंह ने कहा कि यातायात नियमों का उल्लंघन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बिना वैध दस्तावेजों के और क्षमता से अधिक भार लेकर चलने वाले वाहनों के खिलाफ विभाग ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम कर रहा है।उन्होंने स्पष्ट किया कि मंगलवार की कार्रवाई को किसी एक दिन तक सीमित नहीं रखा जाएगा। नियमों का पालन सुनिश्चित करने और सड़क सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए चेकिंग अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

    कार्रवाई का संदेश साफ—नियमों के साथ ही चलेगा वाहन

    मंगलवार के अभियान में 23 चालान और 10 वाहनों का सीज होना परिवहन विभाग की सख्ती को स्पष्ट करता है। खास तौर पर पांच यात्री और पांच मालवाहक वाहनों का सीज होना तथा ओवरलोडिंग के सात मामलों में कार्रवाई यह बताती है कि विभाग ने नियमों के उल्लंघन को लेकर निगरानी तेज कर दी है।

    एआरटीओ नवीन कुमार सिंह के नेतृत्व में हुई कार्रवाई का व्यापक संदेश यही है कि सड़क पर वाहन चलाने के साथ नियमों का पालन करना भी उतनी ही बड़ी जिम्मेदारी है। परिवहन विभाग की ओर से लगातार चेकिंग और जागरूकता अभियान चलते रहने से वाहन चालकों में यातायात अनुशासन की भावना मजबूत होने की उम्मीद है। सड़क सुरक्षा किसी एक विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि वाहन चालक, वाहन स्वामी और आम यात्री , सभी की साझा जिम्मेदारी है। नियमों का पालन ही सुरक्षित सफर की पहली शर्त है।

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